डिजिटल समझ • कक्षा 6–8
छोटी पोस्ट, छूटते निशान
पहले पाठक से बड़े दर्शक-समूह के बारे में सोचो।
आराम से सीखें। जवाब बोलें, बनाएँ या लिखें।
बात यह है…
डिजिटल सामग्री पहली जगह से आगे कॉपी या साझा हो सकती है। गोपनीयता-सेटिंग मदद करती है, लेकिन किसी के कॉपी न करने की गारंटी नहीं। साझा करने से पहले पहचान, जगह और दूसरे की सामग्री पर विचार करें। निजी विवरण सार्वजनिक किए बिना मदद माँग सकते हैं।
रुको। बात अपने ढंग से समझो।
एक बात साथी को समझाओ, चित्र बनाओ या अपने शब्दों में लिखो। कौन-सा हिस्सा अवलोकन, उदाहरण या सवाल है?
घर की भाषा भी ले सकते हो। निजी अनुभव बताना या सब एक बार में पूरा करना ज़रूरी नहीं।अब आपकी खोज
क्या चाहिए
कागज़ और पेंसिल, या बातचीत का साथी। चित्र बनाकर और बोलकर भी कर सकते हैं।
समय-सारणी, विद्यालय का बैज और नाम वाली कल्पित पोस्ट सोचें।
इन बातों को जोड़कर अजनबी क्या जान सकता है, लिखें।
गतिविधि बताने के लिए पोस्ट को निजी बातें हटाकर लिखें।
क्या गोपनीयता-सेटिंग पोस्ट कभी कॉपी न होने की गारंटी है?
पूछते रहो
अपने समूह की सभी गतिविधियाँ
ज्ञानकलाकुंभज्ञान। कला। संभावनाएँ।